Rape Allegation जबलपुर के बेलखेड़ा क्षेत्र से एक बेहद संवेदनशील और गंभीर मामला सामने आया है, जहां एक अनुसूचित जनजाति परिवार की दो बहनों को शादी का झांसा देकर अगवा करने और उनके साथ गंभीर यौन शोषण करने का आरोप लगा है।
पीड़िता के द्वारा पुलिस महानिरीक्षक और पुलिस अधीक्षक को सौंपी गई लिखित शिकायत के अनुसार, आरोपी सुरेन्द्र पटेल ने उसे गत 6 फरवरी 2026 को बहला-फुसलाकर गुजरात के सूरत ले गया, जहां तीन महीने तक बंधक बनाकर उसका शारीरिक शोषण किया और अश्लील वीडियो बनाए। किसी तरह अपनी जान बचाकर 26 मई 2026 को वापस लौटी पीड़िता ने आपबीती सुनाते हुए बताया कि उसकी 16 वर्षीय नाबालिग छोटी बहन अभी भी दूसरे आरोपी प्रशांत पटेल के अवैध कब्जे में है, जो उसके साथ जबरन मंदिर में शादी कर लगातार बलात्कार कर रहा है और पूरे परिवार को जान से मारने की धमकी दे रहा है।
इस पूरे मामले में स्थानीय पुलिस प्रशासन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हुए हैं। पीड़िता का आरोप है कि घटना के संबंध में बेलखेड़ा थाने में 7 फरवरी 2026 को ही प्राथमिकी FIR धारा 137(2) भारतीय न्यायिस संहिता) और गुमशुदगी दर्ज होने के बावजूद पुलिस ने आरोपियों को खोजने या वाहन नंबर MP20ZL4921 को जब्त करने का कोई प्रयास नहीं किया।
शिकायत में सीधे तौर पर आरोप लगाया गया है कि आरोपी पक्ष को सत्तारूढ़ दल भाजपा के पूर्ण मंडल अध्यक्ष कमल गुमास्ता के सगे भतीजे का नाती होने के कारण मजबूत राजनीतिक संरक्षण प्राप्त है। इसी रसूख के चलते स्थानीय पुलिस पीड़ित परिवार की मदद करने के बजाय उनके घरों पर दबिश देकर मुख्यमंत्री हेल्पलाइन 181 पर दर्ज कराई गई शिकायत को वापस लेने और मामले को रफा-दफा करने का लगातार दबाव बना रही है, जिससे पीड़ित पक्ष न्याय की गुहार लगाने को मजबूर है।
