Balaghat Khanan Mafia बालाघाट जिले में रेत के अवैध कारोबार पर पुलिस की सख्ती के बीच खनन माफिया ने खाकी को सीधी चुनौती दे डाली। मंगलवार देर शाम लालबर्रा थाना क्षेत्र के पलाकामथी गांव में रेत चोरी की सूचना पर पहुंचे प्रधान आरक्षक राजेश्वर राहंगडाले पर ट्रैक्टर चालक ने जानलेवा हमला कर दिया। आरोप है कि ट्रैक्टर रोकने पर चालक ने जानबूझकर प्रधान आरक्षक पर ट्रैक्टर चढ़ा दिया।
खनन का वीडियो बनाते समय चढ़ाया ट्रैक्टर
लालबर्रा थाने के आरक्षक सुनील विश्वकर्मा को पलाकामथी में अवैध रेत उत्खनन की सूचना मिली थी। सूचना पर आरक्षक राजेश्वर राहंगडाले और सुनील विश्वकर्मा मौके पर पहुंचे। बताया जाता है कि जब प्रधान आरक्षी राहंगडाले ने ट्रैक्टर को रोककर वीडियो बनाना शुरू किया, तभी चालक ने ट्रैक्टर आगे बढ़ाकर उन पर चढ़ाने का प्रयास किया।

घायल आरक्षक को गोंदिया रैफर किया गया
हमले में प्रधान आरक्षी राजेश्वर राहंगडाले की दो पसलियों में फ्रैक्चर हो गया। घटना के बाद उन्हें तत्काल जिला अस्पताल लाया गया। प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर हालत को देखते हुए पुलिस विभाग ने ग्रीन कॉरिडोर बनाकर एम्बुलेंस से उन्हें गोंदिया के यूनाइटेड अस्पताल भिजवाया। एसपी आदित्य मिश्रा सहित पुलिस अमला एम्बुलेंस के साथ गोंदिया गया।
बड़े सवाल
पुलिस की मौजूदगी में इतना दुस्साहस कहां से आया? रेत माफियाओं पर कब कसेगा शिकंजा? जनता में यह चर्चा है कि जब रेत माफिया पुलिस जवानों पर इस तरह आक्रामक हो रहे हैं तो आमजन के साथ कैसा व्यवहार करेंगे? प्रबुद्ध नागरिकों का मानना है कि अवैध रेत उत्खनन से न केवल नदियां खोखली हो रही हैं बल्कि पर्यावरण को भी नुकसान हो रहा है। अब यह आवश्यक हो गया है कि रेत माफिया पर कानूनी शिकंजा कसा जाए ताकि ना तो खाकी पर हमला हो और ना ही नदियां खोखली हों।
चालक गिरफ्तार, जांच जारी
लालबर्रा पुलिस ने आरोपी ट्रैक्टर चालक को गिरफ्तार कर लिया है। लेकिन सवाल यह है कि क्या सिर्फ चालक को पकड़ने से रेत माफिया का नेटवर्क टूटेगा? या फिर यह सिर्फ “छोटी मछली” पर कार्रवाई है?
