Boxing World Cup 2026 मध्य प्रदेश की खेल प्रतिभाएं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर लगातार देश का गौरव बढ़ा रही हैं। इसी कड़ी में राजधानी भोपाल की एक और बेटी वैश्विक खेल मंच पर भारत का मान बढ़ाने के लिए पूरी तरह तैयार है। भोपाल स्थित मध्य प्रदेश राज्य बॉक्सिंग अकादमी (State Boxing Academy) में ट्रेनिंग ले रही 23 वर्षीय होनहार महिला मुक्केबाज माही लामा (Mahi Lama) का चयन आगामी Boxing World Cup 2026 के लिए भारतीय सीनियर महिला टीम में हो गया है। यह प्रतिष्ठित अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता आज यानी 15 जून से 20 जून 2026 तक चीन के गुइयांग (Guiyang) शहर में खेली जा रही है, जिसके लिए 18-सदस्यीय भारतीय मुक्केबाजी दल शनिवार रात को ही चीन के लिए रवाना हो चुका है।
पटियाला ट्रायल की कहानी: 5:0 की एकतरफा जीत से पक्का किया टिकट
भारतीय सीनियर महिला मुक्केबाजी टीम में जगह बनाना किसी भी एथलीट के लिए एक कठिन चुनौती होती है। माही लामा का इस टीम में चुना जाना उनकी तकनीकी श्रेष्ठता और रिंग में उनके गजब के धैर्य का परिणाम है। पंजाब के एनआईएस पटियाला (NIS Patiala) में आयोजित हुए नेशनल असेसमेंट रैंकिंग ट्रायल्स में माही ने देश की शीर्ष मुक्केबाजों के खिलाफ रिंग में कदम रखा।
पहले कड़े मुकाबले में उन्होंने हरियाणा की सबसे मजबूत मुक्केबाजों में से एक विंका (Vinka) को 4:1 के अंतर से धूल चटाई। इसके ठीक बाद, चयनकर्ताओं के सामने हुए फाइनल एलिमिनेटर राउंड में माही लामा ने महाराष्ट्र की स्टार बॉक्सर दिशा पाटिल को 5:0 के स्कोर से क्लीन स्वीप करते हुए एकतरफा जीत दर्ज की। लगातार दो प्रभावशाली और रणनीतिक जीतों के साथ उन्होंने 60 किलोग्राम भार वर्ग में देश की नंबर-1 दावेदार के रूप में खुद को स्थापित किया और आधिकारिक तौर पर Boxing World Cup 2026 की टीम में अपना स्थान सुनिश्चित कर लिया।
बचपन का गुस्सा और ‘भाई’ बना पहला पंचिंग बैग
माही लामा के इस मुकाम तक पहुंचने का सफर बेहद दिलचस्प और प्रेरणादायक है। उनके पिता अमरनाथ लामा, जो मध्य प्रदेश पुलिस में असिस्टेंट सब-सिस्पेक्टर (ASI) के पद पर तैनात हैं, बताते हैं कि माही में बचपन से ही एक नैसर्गिक आक्रामकता (Aggression) थी। बचपन के दिनों में जब भी वह गुस्सा होती थी, तो घर पर अपने सगे भाई को ही पंचिंग बैग बनाकर उस पर मुक्कों की बरसात कर देती थी।
पिता अमरनाथ लामा ने अपनी बेटी की इस बेकाबू ऊर्जा को डांटने या दबाने के बजाय, इसे सही दिशा देने का एक साहसिक फैसला किया। उन्होंने अपनी 13 साल की बेटी को भोपाल की राज्य बॉक्सिंग अकादमी में दाखिला दिला दिया। पिता ने कहा, “मुझे उसकी आंखों में एक अनोखा गुस्सा और कभी न हारने वाला जज्बा दिखाई देता था। मैंने बस सोचा कि क्यों न इसे सही तरीके से लड़ना सिखाया जाए, ताकि यह दुनिया के सामने देश के लिए लड़े।“ पिता का यही अटूट विश्वास आज माही को Boxing World Cup 2026 के वैश्विक मंच तक ले आया है।
कोच रोशन लाल के मार्गदर्शन में निखरा खेल और तकनीकी कौशल
अकादमी में कदम रखते ही कोचों ने माही की असाधारण प्राकृतिक क्षमता, बेहतरीन बॉडी बैलेंस और टाइमिंग को पहचान लिया था। अकादमी के मुख्य कोच रोशन लाल के कड़े अनुशासन और आधुनिक वैज्ञानिक प्रशिक्षण पद्धतियों के तहत माही ने पिछले कुछ सालों में अपने फुटवर्क, कॉम्बिनेशन पंचेस और डिफेंस मैकेनिज्म को अंतरराष्ट्रीय स्तर का बनाया है।
कोच रोशन लाल ने माही के खेल के विकास और उसकी चुनौतियों पर बात करते हुए बताया:
“माही के पास एक गॉड-गिफ्टेड रावेनेस (कच्ची ऊर्जा) और रिंग के भीतर जीतने की वो भूख है, जो बहुत कम मुक्केबाजों में देखने को मिलती है। हमारा काम सिर्फ उसकी इस आक्रामकता को अनुशासन और रिंग-क्राफ्ट (रणनीति) का ढांचा देना था, जिसे उसने बहुत जल्दी अपनाया। हालांकि, इस सफर में कई बार चोटें (Injuries), वजन प्रबंधन (Weight Management) और शिक्षा के साथ संतुलन बनाने जैसी बड़ी बाधाएं आईं, लेकिन इन चुनौतियों ने माही को तोड़ने के बजाय और अधिक मजबूत और जिद्दी बना दिया।“ कोच ने भरोसा जताया कि यह कठिन प्रशिक्षण Boxing World Cup 2026 के कड़े मुकाबलों में मेडल के रूप में सामने आएगा।
लॉस एंजिल्स (LA 2028) ओलंपिक के लिहाज से क्यों महत्वपूर्ण है यह टूर्नामेंट?
चीन के गुइयांग शहर में आयोजित हो रहा यह मेगा इवेंट ‘वर्ल्ड बॉक्सिंग’ संस्था द्वारा आयोजित की जा रही वैश्विक श्रृंखला का ‘स्टेज-2’ है, जिसका पहला चरण ब्राजील में संपन्न हुआ था। यह टूर्नामेंट पूरी दुनिया के एलीट मुक्केबाजों को महत्वपूर्ण रैंकिंग अंक (Ranking Points) प्रदान करेगा। ये अंक मुक्केबाजों को इस साल के अंत में होने वाले बड़े वर्ल्ड कप फाइनल्स और आगे चलकर ‘लॉस एंजिल्स ओलंपिक 2028’ के क्वालिफिकेशन रोडमैप के लिए बेहद निर्णायक साबित होने वाले हैं। ऐसे महत्वपूर्ण टूर्नामेंट में भारत की कमान संभालना माही के करियर का सबसे बड़ा टर्निंग पॉइंट हो सकता है। इस हाई-प्रोफाइल Boxing World Cup 2026 की भारतीय टीम में विश्व नंबर-1 मुक्केबाज मीनाक्षी हुड्डा (51kg) और दीपक (70kg) जैसे दिग्गज भी शामिल हैं, जिनसे माही को रिंग के बाहर भी बहुत कुछ सीखने को मिलेगा।
आधिकारिक प्रतिक्रिया: खेल मंत्री विश्वास सारंग ने थपथपाई पीठ
माही लामा के भारतीय टीम में शामिल होने की इस ऐतिहासिक उपलब्धि पर मध्य प्रदेश के खेल एवं युवा कल्याण मंत्री विश्वास कैलाश सारंग ने उन्हें आधिकारिक तौर पर बधाई देते हुए शुभकामनाएं प्रेषित की हैं। खेल मंत्री ने अपने संदेश में कहा:
“मध्यप्रदेश की बेटी का भारतीय टीम में चुना जाना इस बात का स्पष्ट प्रमाण है कि हमारी खेल अकादमियां आज विश्व स्तरीय इन्फ्रास्ट्रक्चर, स्पोर्ट्स साइंस और इंटरनेशनल डाइट के दम पर चैंपियन खिलाड़ी तैयार कर रही हैं। मुझे पूरा विश्वास है कि माही लामा Boxing World Cup 2026 में चीन की धरती पर अपने मुक्कों का दम दिखाकर तिरंगा लहराएंगी और देश व प्रदेश का मान वैश्विक पटल पर बढ़ाएंगी।”
वर्ल्ड कप के इस बड़े सफर पर निकलने से पहले खुद मुक्केबाज माही लामा ने बेहद आत्मविश्वास के साथ कहा कि उनका पूरा ध्यान अब चीन के रिंग में अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने पर टिका है। उन्होंने भोपाल में पिछले कई महीनों से खूब पसीना बहाया है और वह देश के लिए पदक जीतकर ही वापस लौटना चाहती हैं।
