दिल्ली से यज्ञदत्त राजीव के साथ मध्यप्रदेश से नीरज चौदह
Twisha Sharma Death Mystery सुप्रीम कोर्ट की अंतरात्मा जाग चुकी है। सुप्रीम कोर्ट ने ट्विशा शर्मा की संदिग्ध आत्महत्या की घटना पर सु-ओ-मोटो संज्ञान ले लिया। यह वही सुप्रीम कोर्ट है जो दिल्ली के सिटिंग जज अमन शर्मा की आत्महत्या पर आंखें मूंदे रहा। दोनों ही मामलों में आत्महत्या का कारण पारिवारिक कलह और मानसिक दबाव है।
सीजेआई की पीठ करेगी सुनवाई
बहरहाल, भोपाल की ट्विशा शर्मा की संदिग्ध (Twisha Sharma Death Mystery) मौत का मामला अब पूरे देश मामला बन चुका है। तमाम संवेदनशील मुद्दों और खबरों के बीच सुप्रीम कोर्ट ने भी ट्विशा शर्मा मौत के मामले में दिलचस्पी दिखाई है और सु-ओ-मोटो सुनवाई का ऐलान कर दिया है। सुप्रीम कोर्ट इस मामले की सुनवाई 25 को करेगा। भारत के मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति सूर्यकांत की पीठ खुद इस मामले की सुनवाई करेंगी।
दिल्ली एम्स की टीम पोस्टमार्टम के लिए भोपाल पहुंची
यह भी खबर है कि दिल्ली से एम्स के डॉक्टरों की टीम भोपाल पहुंच चुकी है। ऐसा माना जा रहा है डॉक्टरों की यह टीम सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई से पहले अपनी प्राइमरी रिपोर्ट दे सकती है। सीबीआई ने भी इस मामले में प्राथमिकी दर्ज नहीं की है। हालांकि मध्य प्रदेश सरकार ने 22 मई को ही मामले की जांच सीबीआई को स्थांतरित करने की अधिसूचना जारी कर दी थी।
CBI जांच की अधिसूचना के बाद भी भोपाल पुलिस सक्रिए
जबलपुर हाईकोर्ट के वकील दीपक पंजवानी का कहना है कि Twisha Sharma Death Mystery केस सीबीआई को ट्रांसफर किए जाने की अधिसूचना के बाद पुलिस की भूमिका साधारणतया कस्टोडियन की रह जाती है। पुलिस को जांच करने अथवा पूछताछ करने का अधिकार नहीं होता। मगर, ट्विशा शर्मा मौत का मामला बहुत संवेदनशील हो चुका है, इसलिए संभव है कि कोर्ट ने समर्थ की रिमांड भोपाल पुलिस को दे दी हो।
जबलपुर न्यायालय से गिरफ्तारी या समर्थ का सरेंडर
भोपाल पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक ट्विशा के पति समर्थ को जबलपुर जिला न्यायालय से हिरासत में लिया गया। देर रात भोपाल पहुंचने के बाद उसे कटारा हिल्स थाने में रखा गया। सुबह औपचारिकताएं पूरी करने के बाद अस्पताल ले जाकर उसका मेडिकल करवाया और दोपहर में न्यायालय के समक्ष पेश किया गया। न्यायालय ने भोपाल पुलिस की मांग पर समर्थ को 7 दिन के लिए रिमांड में भेज दिया गया। इस केस के संबंध में सीबीआई की ओर से खबर लिखे जाने तक कोई जानकारी नहीं मिली है। सीबीआई की वेबसाइट पर ट्विशा शर्मा मौत मामले की एफआईआर दर्ज किए जाने की कोई सूचना उपलब्ध नहीं थी।
भोपाल पुलिस की एसआईटी 7 दिन समर्थ के साथ क्या करेगी
भोपाल पुलिस सूत्रों से जानकारी मिली है कि इस मामले की गठित की गई एसआईटी की एक टीम ने समर्थ से पूछताछ शुरू कर दी है। रविवार को एसआईटी समर्थ को लेकर घटना स्थल पर ले जा सकती है और सीन रिक्रिएट भी किया जा सकता है। एसआईटी ट्विशा शर्मा, समर्थ सिंह, ट्विशा शर्मा की सास के मोबाइल फोनों का डेटा एक्सट्रेक्ट कर प्रताड़ना के आरोपों की जांच करेगी। मोबाइल से मिले डेटा के आधार पर भी समर्थ से पूछताछ की जा सकती है।
ट्विशा की सास के खिलाफ कोर्ट जाएगी भोपाल पुलिस
भोपाल पुलिस इस केस की जांच के लिए ट्विशा शर्मा की सास से पूछताछ करना चाहती है। पुलिस ट्विशा शर्मा की सास गिरिबाला सिंह को तीन नोटिस नोटिस रिसीव करवा चुकी है। अभी तक वो जांच के लिए पुलिस के सामने नहीं पूछी है। यदि सीबीआई सोमवार तक एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू नहीं करती तो भोपाल पुलिस ट्विशा शर्मा की सास गिरिबाला सिंह के खिलाफ कोर्ट का रुख कर सकती है।
ट्विशा शर्मा के आखिरी मेकअप का CCTV फुटेज
इसी बीच ट्विशा शर्मा के आखिरी मेकअप का CCTV फुटेज भी सामने आया है। इसमें वह ससुराल के पास स्थित एक ब्यूटी पार्लर में तैयार होती नजर आ रही है। पुलिस ने फुटेज जब्त कर लिया है। ब्यूटी पार्लर ट्विशा के ससुराल से करीब 100 मीटर दूर बताया गया है।
मैट्रिमोनियल साइट से हुई थी ट्विशा और समर्थ की मुलाकात
ट्विशा और समर्थ की शादी में मैट्रिमोनियल साइट का अहम रोल था। इस साइट माध्यम से ट्विशा और समर्थ जनवरी 2025 में पहली बार मिले थे। कहा जाता है कि इस साइट का काम हाई प्रोफाइल परिवारों में शादी करना ही है। इसी साइट के माध्यम से दोनों ने एक-दूसरे के नंबर एक्सचेंज किए। इसके बाद फोन पर बातचीत शुरू हुई और धीरे-धीरे दोनों के बीच प्रेम संबंध बन गए।
समर्थ की मां भोपाल में ही मिली थीं ट्विशा से
अक्टूबर 2025 में समर्थ की मां गिरिबाला सिंह भोपाल में पहली बार ट्विशा से मिलीं थीं। हिंदू सनातन धर्म में वधु पक्ष वर पक्ष के घर जाकर रिश्ता तय करता है। अभी तक यह जानकारी नहीं मिली है कि ट्विशा के माता-पिता या परिजन समर्थ के परिवार से पहले मिले थे या नहीं लेकिन इतना जरूर पता चला है कि गिरिबाला सिंह, ट्विशा के दिल्ली स्थित घर पहुंचीं और दोनों का रिश्ता तय किया गया और 9 दिसंबर 2025 को दिल्ली में दोनों का विवाह हुआ।
पांच महीने में संबंध बिगड़े और ट्विशा की संदिग्ध मौत
शादी के महज पांच महीने बाद 12 मई 2026 को ससुराल में ट्विशा की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। सास और पति ने पुलिस को बताया कि ट्विशा ने फांसी लगाकर आत्महत्या की है।
कटारा हिल्स पुलिस थाने की कहानी
ट्विशा शर्मा (Twisha Sharma Death Mystery) 12 मई की रात भोपाल स्थित अपने ससुराल में मृत पाई गई थीं। पुलिस के मुताबिक उन्हें कथित तौर पर 12 मई की रात करीब साढे़ दस बजे घर की छत पर जिम्नास्टिक रिंग की रस्सी से लटका हुआ पाया गया था। ट्विशा का पोस्टमार्टम 13 मई को एम्स भोपाल के फोरेंसिक मेडिसिन और टॉक्सिकोलॉजी विभाग में किया गया था। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में रस्सी से फांसी लगाने को मौत का कारण बताया गया है।
कुछ अनसुलझे सवाल
- मेट्रोमोनियल साइट के माध्यम से शादी हुई, समर्थ और ट्विशा दोनों की पसंद और मर्जी से शादी हुई तो दहेज, स्कॉर्पियो या फॉर्च्यूनर का सवाल कहां से आया?
- क्या ट्विशा के परिवारीजनों ने दिल्ली या भोपाल पुलिस को दहेज उत्पीड़न की कोई शिकायत की थी?
- सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो फुटेज में साफ दिखाई दे रहा है कि समर्थ सिंह न्यायालय के परिसर में ही नहीं सेशन जज के कक्ष के भीतर दिखाई दे रहा है। सवाल है कि न्यायाधीश के कक्ष से समर्थ को भोपाल पुलिस ने गिरफ्तार किया या न्यायालय ने समर्थ को भोपाल पुलिस की अभिरक्षा में दिया।
- भोपाल पुलिस कस्टोडियन (सीबीआई को जांच स्थांतरित किए जाने की अधिसूचना के बाद) की हैसियत से समर्थ को न्यायालय के समक्ष पेश कर सकती थी लेकिन कोर्ट ने समर्थ को 7 दिन की पुलिस रिमांड में किस कानून के तहत भेज दिया।
- मध्य प्रदेश सरकार की अधिसूचना के बाद भोपाल पुलिस हद से ज्यादा सक्रिए कैसे है? वही भोपाल पुलिस जो ट्विशा शर्मा की मौत (Twisha Sharma Death Mystery) को आत्महत्या बता चुकी थी और शव वापस लेने के लिए नोटिस दे चुकी थी?
- इतने चर्चित कैस में सुप्रीम कोर्ट ने एक्शन ले लिया लेकिन सीबीआई ने अभी तक अभी प्राथमिकी दर्ज कर जांच क्यों नहीं शुरू की?
- एक और बड़ा सवाल, दिल्ली के एक सिटिंग जज अमन शर्मा ने सुप्रीम कोर्ट से कुछ ही किलोमीटर दूर साकेत आवसीय परिसर में आत्महत्या की। प्राथमिक जांच में पाया गया कि अमन शर्मा पारिवारिक कलह के कारण अत्यंत मानसिक दबाव थे, इसी दबाव के कारण उन्होंने आत्महत्या की। सुप्रीम कोर्ट की अंतरात्मा नहीं जागी, लेकिन आठ सौ किलोमीटर दूर ट्विशा शर्मा की संदिग्ध आत्महत्या पर अतंरात्मा जाग गई और सु-ओ-मोटो नोटिस हो गया। सुनवाई भी 25 मई को निर्धारित हो गई।
(जबलपुर से इनपुट- वाजिद खान)
यूपी के हाथरस के रहने वाले हैं ट्विशा शर्मा के माता-पिता- पूरी कहानी जानने के लिए इस लिंक को खोलें
