BAREILLY POLICE पुलिस में भर्ती होने वाले नए रंगरूटों में सहयोग-समन्वय-सतर्कता और संवेदनशीलता की भावना को विकसित करने के लिए बरेली की रिजर्ब पुलिस लाइन में सांस्कृति कार्यक्रम और सहभोज (बड़ा खाना) का आयोजन किया गया। इस आयोजन के मुख्य अतिथि बरेली जोन के अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक रमित शर्मा थे।
आरक्षियों को संबोधित करते हुए मुख्य अतिथि एडीजीपी रमित शर्मा ने कहा कि शरीर पर खाकी बर्दी हो को गर्व का अनुभव होता है साथ ही दायित्व का बोझ भी आता है। हम जिस समाज से आए हैं उसी समाज के प्रति संवेदनशीलता का स्तर और अधिक रखना होता है।

जन सुरक्षा के तमाम तौर-तरीकों के साथ कॉमनसेंस का उपयोग कर बेहतर पुलिसिंग की जा सकती है। एक पुलिसकर्मी को समाज के लोग सर्वगुण संपन्न मानते हैं। मसलन लोग यह मानकर चलते हैं एक पुलिसकर्मी को न केवल कानून की जानकारी होनी चाहिए उसमें डॉक्टर, मास्टर, वकील, इंजीनियर और खेत-किसान के भी सभी गुण होने चाहिए। एडीजी रमित शर्मा ने कहा खाकी का बोझ उठाने वाले कंधे और रीढ़ बहुत मजबूत होते हैं। इस बात का अहसास हर आरक्षी के दिल और दीमाग में बिठा कर रखना चाहिए। समय के साथ पुलिसिंग में टेक्नोलॉजी और सोशल मीडिया की भूमिका बहुत बढ़ गई है।

कार्यक्रम के दौरान अधिकारी वर्ग ने रिक्रूट आरक्षियों से परस्पर संवाद किया और उनका उत्साहवर्धन किया। रिक्रूट आरक्षियों को कर्तव्यनिष्ठा, अनुशसन एवं जनसेवा की भावना के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करने हेतु प्रेरित किया गया।
इस अवसर पर मंडलायुक्त भूपेन्द्र एस. चौधरी, पुलिस उपमहानिरीक्षक अजय कुमार साहनी, जिलाधिकारी अविनाश सिंह एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अनुराग आर्य ने सराहनीय कार्य करने वाले पुलिसकर्मियों को प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया। अंत में अधिकारियों ने रिक्रूट आरक्षियों को अपने हाथों से भोजन भी परोसा।

कार्यक्रम में नगर आयुक्त संजीव कुमार मौर्य, अपर पुलिस अधीक्षक उत्तरी मुकेश चंद्र मिश्रा, अपर पुलिस अधीक्षक दक्षिणी, श्रीमती अंशिका वर्मा तथा जनपद बरेली के विभिन्न पुलिस व प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित रहे।