Khanna Police लुधियाना जिले के खन्ना में बुधवार को मनरेगा कर्मचारियों और वर्करों के प्रदर्शन के दौरान तनाव की स्थिति बन गई। कर्मचारी अपनी लंबित मांगों को लेकर पंजाब स्तर पर प्रदर्शन करने पहुंचे थे। वे पंचायत मंत्री तरुणप्रीत सिंह सौंध के आवास की ओर बढ़ रहे थे, तभी पुलिस (Khanna Police) ने उन्हें रोक दिया। पुलिस ने आगे बढ रह मनरेगा कर्मचारियों और वर्कर को रोकने के लिए जम कर लाठी चार्ज भी किया।
मनरेगा कर्मचारियों पर पुलिस लाठी (Khanna Police) चार्ज को लेकर कांग्रेस अध्यक्ष राजा बड़िंग ने तीखी प्रतिक्रिया जारी की है। बीजेपी ने आम आदमी पार्टी सरकार को निशाने पर लेते हुए मनरेगा कर्मचारियों पर बर्बर लाठी चार्ज की निंदा की है।
राजा बड़िंग ने सोशल मीडिया पोस्ट पर लिखा है, ‘खन्ना का यह वीडियो देखकर मुझे बहुत दुख हुआ। लोग अपनी रुकी हुई MGNREGA मजदूरी मांगने के लिए शांतिपूर्वक सतनाम वाहेगुरु का जाप कर रहे थे। लेकिन उनकी बात सुनने के बजाय भगवंत मान सरकार की पुलिस (Khanna Police) ने उन पर आंसू गैस के गोले छोड़े।
जब अपनी मेहनत की कमाई मांगने वाले मजदूरों के साथ अपराधियों जैसा व्यवहार किया जाता है, तो सरकार की सोच पर सवाल उठना लाजमी है। जो सरकार खुद को किसानों और मजदूरों की हितैषी बताती है, उसे उनकी आवाज सुननी चाहिए, उन्हें पुलिस के बल प्रयोग (Khanna Police) से दबाना नहीं चाहिए।
राजा बड़िंग ने मनरेगा कर्मचारियों की प्रति सहानुभूति व्यक्त करते हुए कहा कि पंजाब को दया, जवाबदेही और न्याय चाहिए, दमन नहीं। राजा बड़िंग ने इस एक बयान से कई निशाने एक साथ साधने की कोशिश की है।
I am deeply hurt after watching this video from Khanna.
People were peacefully chanting “Satnam Waheguru” while demanding their pending MGNREGA wages. Instead of listening to them, the @BhagwantMann government responded with tear gas shells.
When workers asking for their… pic.twitter.com/TvTDsZjpJZ
— Amarinder Singh Raja Warring (@RajaBrar_INC) July 15, 2026
प्रेम भंडारी पार्क में जुटे प्रदर्शनकारी
विभिन्न जिलों से आए हजारों कर्मचारी खन्ना के प्रेम भंडारी पार्क में एकत्र हुए। यहां सभा के बाद उन्होंने रोष मार्च निकाला और अमलोह रोड स्थित मंत्री आवास की ओर कूच किया। प्रदर्शनकारियों की मुख्य मांगों में स्थायीकरण, कई महीनों से अटकी मजदूरी जारी करना और सेवा से जुड़ी अन्य समस्याओं का समाधान शामिल था।
बैरिकेडिंग के बाद धक्कामुक्की
मंत्री आवास के बाहर पहले से ही भारी पुलिस (Khanna Police) बल तैनात था। पुलिस ने सड़क पर बैरिकेड लगाकर प्रदर्शनकारियों को आगे बढ़ने से रोक दिया। जब प्रदर्शनकारियों ने बैरिकेड हटाकर आगे बढ़ने की कोशिश की, तो पुलिस (Khanna Police) और प्रदर्शनकारियों के बीच धक्कामुक्की शुरू हो गई।
Khanna, Punjab: Police lathicharged, used water cannons and tear gas shells on MGNREGA workers from across Punjab who were staging a protest outside the residence of Cabinet Minister Tarunpreet Singh Sond pic.twitter.com/pTgxWGAxWB
— IANS (@ians_india) July 15, 2026
पुलिस ने छोड़े आंसू गैस के गोले
स्थिति बिगड़ती देख पुलिस (Khanna Police) ने पहले आंसू गैस के गोले छोड़े और वाटर कैनन से भी वार किया जब वाटर कैनन भी काम नहीं आई तो बाद में भीड़ को तितर-बितर करने के लिए लाठीचार्ज किया। इस दौरान कई प्रदर्शनकारी घायल हो गए। घायल लोगों में महिला कर्मचारी भी शामिल थीं। मौके पर कुछ लोगों को प्राथमिक उपचार भी दिया गया।
यूनियन नेताओं का आरोप
प्रदर्शनकारियों और यूनियन नेताओं ने पुलिस (Khanna Police) कार्रवाई की कड़ी निंदा की। उनका कहना है कि मनरेगा कर्मचारी पिछले 18 वर्षों से ग्रामीण विकास में सेवाएं दे रहे हैं, लेकिन उन्हें अब तक नियमित नहीं किया गया है। उनका आरोप है कि सरकार ने उनकी शांतिपूर्ण आवाज सुनने के बजाय बल प्रयोग किया।
आंदोलन तेज करने की चेतावनी
यूनियन नेताओं ने साफ कहा कि अगर सरकार ने जल्द उनकी मांगों पर सकारात्मक फैसला नहीं लिया, तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। कर्मचारियों ने कहा कि वे सिर्फ अपना हक मांग रहे थे, लेकिन उन्हें सड़क पर रोका गया और घायल किया गया।
विपक्ष की प्रतिक्रिया
कांग्रेस प्रधान अमरिंदर सिंह राजा वडिंग ने इस घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए पुलिस कार्रवाई को गलत बताया। उन्होंने कहा कि बकाया मजदूरी मांग रहे कर्मचारियों के साथ इस तरह का व्यवहार सरकार की प्राथमिकताओं पर सवाल खड़ा करता है। वडिंग ने सरकार से मजदूरों की बात सुनने की अपील की।
